क्या रबी सीजन में खाद संकट झेलेंगे किसान? खाद स्टॉक और वितरण पर आया सरकार का जवाब – एग्रीवेट

Team Agrivate
4 Min Read

एग्रीवेट: खरीफ सीजन की बुवाई के दौरान किसानों को खाद पाने के लिए लंबी लाइनें लगानी पड़ीं और कुछ जगहों पर किसानों ने हंगामा भी किया. अब रबी सीजन की फसलों के लिए किसानों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं. ऐसे में किसानों को खाद उपलब्धता को लेकर चिंता होने लगी है और सवाल उठाए जा रहे हैं. राजस्थान के किसान संगठनों ने सरकार को चिट्ठी लिखकर भरपूर खाद उपलब्धता का आग्रह किया है. इसके बाद राज्य सरकार ने रबी सीजन की फसलों के लिए खाद स्टॉक और वितरण पर जवाब दिया है. कृषि विभाग ने कहा है कि फसलों के लिए खाद की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी और सरकार के पास भरपूर स्टॉक मौजूद है.

राजस्थान कृषि विभाग की ओर से बताया गया है कि आगामी रबी सीजन की फसलों की बुवाई के दौरान किसानों को उर्वरकों की किल्लत का सामना नहीं करना पड़ेगा. कहा गया है कि रबी सीजन के लिए जरूरी खाद के हिसाब से ज्यादा स्टॉक है. जबकि, अभी और रैक की सप्लाई मिलेगी. कृषि विभाग के आयुक्त ने जारी बयान में कहा कि यूरिया की मांग को पूरा करने के लिए एडवांस स्टॉक बनाए रखा गया है और फर्टिलाइजर सेल ऐप (FFS) के जरिए सवा लाख मीट्रिक टन यूरिया की अग्रिम आपूर्ति पहले ही की जा चुकी है.

आगामी रबी सीजन को ध्यान में रखते हुए कृषि विभाग ने राज्यभर में उर्वरकों और बीज मिनी किट की उपलब्धता पक्की करने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां पूरी कर ली हैं. विभाग से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार 22 सितंबर तक राज्य में करीब 2.70 लाख मीट्रिक टन यूरिया, लगभग 1 लाख मीट्रिक टन डीएपी, 1 लाख मीट्रिक टन एनपीके (NPK) और 2.47 लाख मीट्रिक टन एसएसपी (SSP) का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध कराया जा चुका है.

किसानों को उन्नत किस्मों के बीज उपलब्ध कराने के लिए राज्य की नोडल एजेंसी राजस्थान स्टेट सीड कॉरपोरेशन को आदेश जारी कर दिए गए हैं, जहां मिनी किट तैयार करने का काम अंतिम चरण में है. इसके अलावा हाल में हुई बारिश को कृषि विभाग ने आगामी फसलों के लिए बेहद राहत भरा और बुवाई के अनुकूल माना है. सरकार इस सीजन में किसानों को रासायनिक खादों पर निर्भरता कम कर प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित करेगी तथा कृषि क्षेत्र में सूचना प्रौद्योगिकी (IT) से जुड़ी गतिविधियों और डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा देने पर भी विशेष ध्यान दे रही है.

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *