एग्रीवेट: सभी फसलों के लिए एमएसपी गारंटी कानून लागू करने, फसल नुकसान का मुआवजा और भूमि अधिग्रहण मुआवजे में देरी और नियमावली में बदलाव के साथ ही खेतों के हाइटेंशन लाइनों को लेकर सरकार की ओर से की जा रही उपेक्षा के खिलाफ पंजाब में किसान मजदूर मोर्चा के आह्वान पर हजारों किसान ट्रैक्टर ट्रॉलियां लेकर विरोध मार्च कर रहे हैं. पंजाब के कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां के आवास पर सतनाम सिंह पन्नू के नेतृत्व में किसानों ने सड़क पर उतरकर जमकर हंगामा और कड़ा विरोध प्रदर्शन किया . किसान नेता सरवन सिंह पंढेर ने कहा कि राज्य और केंद्र सरकारें किसानों की अनदेखी कर रही हैं. बार बार उन्हें चेताया जा रहा है. उन्होंने कहा कि आज संगठन की महापंचायत भी होने जा रही है, जिसमें आगे के आंदोलन पर फैसला लिया जाएगा. किसान मजदूर मोर्चा (पंजाब चैप्टर) ने 16 सितंबर को अमृतसर, संगरूर समेत अन्य विधासनभा क्षेत्रों में विरोध मार्च निकाला है. भारी संख्या में किसान ट्रैक्टर ट्रॉलियां लेकर पहुंचे हैं. महिला किसानों ने भी मोर्चा संभाला है. संगठन के नेताओं ने कहा कि किसानों और मजदूरों की मांगों को लेकर सरकार की अनदेखी के खिलाफ विरोध मार्च किया जा रहा है. किसानों ने कहा कि केंद्र सरकार ने एमएसपी गारंटी कानून लागू करे. अमेरिका समेत अन्य देशों के साथ किए जा रहे मुक्त व्यापार समझौतों को रद्द किया जाए. मोर्चा ने एक बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि 16 सितंबर को सभी प्रदर्शन स्थलों पर बड़े विरोध मार्च किए जा रहे हैं. आंदोलन को और आगे बढ़ाते हुए पटियाला में पंजाब सरकार के एक और मंत्री (नौवें मंत्री) के आवास के बाहर भी विरोध का एक नया मोर्चा खोला गया है. आज चल रहे विरोध स्थलों पर लोगों की भागीदारी में काफी बढ़ोतरी हुई. बड़ी संख्या में ट्रैक्टर-ट्रॉलियां आ रही हैं और ग्रामीण बड़ी तादाद में प्रदर्शन स्थलों पर शामिल हो रहे हैं. किसान मजदूर मोर्चा (KMM) पंजाब चैप्टर ने पंजाब सरकार द्वारा किसानों और मजदूरों की मांगों के प्रति उदासीन रवैये के विरोध में आज 16 सितंबर को अमृतसर में एक अहम बैठक भी होगी. इस बैठक में मौजूदा हालात पर चर्चा के बाद संघर्ष के अगले चरण के बारे में एक बड़ा फैसला लिया जाएगा. कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ETO के आवास के बाहर एक बड़ी सभा को संबोधित करते हुए सरवन सिंह पंधेर ने यह जानकारी दी और बयान जारी किया. किसान नेता सरवन सिंह पंढेर ने कहा कि राज्य और केंद्र सरकारें किसानों की अनदेखी कर रही हैं. बार बार उन्हें चेताया जा रहा है. उन्होंने कहा कि आज संगठन की महापंचायत भी होने जा रही है, जिसमें आगे के आंदोलन पर फैसला लिया जाएगा. उन्होंने कहा कि विरोध मार्च में शामिल किसानों के लिए गांवों से दूध, भोजन (प्रशादा) और अन्य जरूरी सामान लगातार भेजा जा रहा है, और जनता के सहयोग से सामुदायिक रसोई (लंगर) सुचारू रूप से चल रही हैं. उन्होंने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि वह संघर्ष को मजबूत करने के लिए बड़ी संख्या में प्रदर्शन स्थलों पर पहुंचें. महिला किसानों ने भी विरोध प्रदर्शन में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया. पंजाब के कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां के आवास पर सतनाम सिंह पन्नू और महासचिव रणबीर सिंह राणा (किसान मजदूर संघर्ष कमेटी पंजाब) की मौजूदगी में किसानों ने सड़क पर उतरकर जमकर हंगामा और कड़ा विरोध प्रदर्शन किया . संगरूर में जसविंदर सिंह लोंगोवाल और दलबाग सिंह हरिगढ़ ने नेतृत्व में मोर्चा खोला गया है. वहीं, स्पीकर कुलतार सिंह संधवां का आवास पर बलवंत सिंह बहरामके (BKU बहरामके), बलदेव सिंह जीरा और मलकीत सिंह गुलामी वाला (BKU क्रांतिकारी और KMM पंजाब) ने भीड़ को संबोधित किया. होशियारपुर में ओंकार सिंह पुराना भंगाला (किसान मजदूर हितकारी सभा) और मंजीत सिंह राय (बीकेयू दोआबा) ने परमजीत सिंह भुल्ला (किसान मजदूर संघर्ष समिति) के साथ सभा को संबोधित किया. इसी तरह गुरदासपुर में मंत्री लाल चंद कटारूचक के निवास पर सविंदर सिंह चौटाला और हरविंदर सिंह मसानियां ने विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व किया. लुधियाना, जालंधर, अमृतसर में भी सड़क पर उतरकर जमकर हंगामा और कड़ा विरोध प्रदर्शन किया गया.