एग्रीवेट: मध्य प्रदेश में कम बारिश वाले इलाकों में कम पानी वाली फसलों की बुवाई पर जोर है. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि रबी सीजन की फसलों का चुनाव किसान मिट्टी की नमी को देखकर करें. किसानों को सही फसल का चुनाव करने के लिए कृषि वैज्ञानिक उन्नत नस्ल के चना, मसूर और सरसों के बीज उपलब्ध कराएं. बता दें कि अल नीनो का असर अगले साल फरवरी तक बने रहने की आशंका के मद्देनजर सूखा स्थिति झेलने वाली फसलों की बुवाई की सलाह किसानों को दी जा रही है.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कृषि उपज मंडी समिति प्रांगण देवास में आयोजित ‘बलराम कृषि महोत्सव’ में कहा कि कृषि, उद्यानिकी, पशुपालन, प्राकृतिक व जैविक खेती तथा श्रीअन्न (मिलेट मिशन) को बढ़ावा देना जरूरी है. उन्होंने कहा कि कृषि वैज्ञानिक रबी सीजन की फसलों की बुवाई के लिए किसानों को कम पानी जरूरत वाली किस्मों के चुनाव में मदद करें. इसके साथ ही उन्होंने सूखा स्थिति झलेने में सक्षम उन्नत किस्मों के प्रमाणित बीज किसानों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं.
भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद की ओर से किसानों को रबी सीजन के दौरान कम पानी जरूरत वाली फसलों की बुवाई के लिए नई किस्मों के सुझाव दिए हैं. सूखा सहन करने वाली किस्म लंबे समय तक पानी नहीं मिलने पर भी खुद को बचाए रखती हैं.