एग्रीवेट: किसानों को जैविक समाधानों के उपयोग के संबंध में सूचित निर्णय लेने में मदद करने के लिए अत्याधुनिक, तकनीक-आधारित समाधान विकसित करने के उद्देश्य से, IIT रोपड़ के ANNAM.एआई और Syngenta Biologicals द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित तीन दिवसीय हैकाथॉन HACK CORE 2026 ने भारत के किसानों के लिए एआई-आधारित समाधानों की खोज के लिए छात्रों, शोधकर्ताओं और तकनीकी विशेषज्ञों को एक मंच पर लाया. तीन दिनों तक चली इस गहन प्रतियोगिता में टीमों ने भारतीय कृषि की प्रमुख चुनौतियों से निपटने के लिए एआई-आधारित समाधान विकसित किए. Team SeedCoders ने अपने AgroV एआई समाधान के लिए प्रतियोगिता में जीत हासिल की. यह समाधान खेत में मौजूद फसल अवशेष और पराली के मुद्रीकरण पर केंद्रित है तथा किसानों को समय पर Syngenta के प्रोडक्ट रिकमेंडेशंस उपलब्ध कराता है. इस समाधान (AgroV एआई) में AgroSaathi को चैटबॉट के रूप में शामिल किया गया है. पुरस्कार के तहत विजेता टीम के चारों सदस्य इटली के Atessa स्थित Syngenta Biologicals साइट का दौरा करेंगे और वहां जैविक समाधानों से संबंधित अनुसंधान में उपयोग की जाने वाली अत्याधुनिक सुविधाओं और उपकरणों का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त करेंगे. IIT रोपड़ के ANNAM.एआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर डॉ. पुष्पेंद्र पी. सिंह ने कहा, “मैं विजेता टीम और सभी प्रतिभागी टीमों को उनके इनोवेटिव और नई दिशा देने वाले विचारों के लिए बधाई देता हूं, जो भारत के कृषि क्षेत्र में एआई को अपनाने की प्रक्रिया को तेज करने में मदद कर सकते हैं. भारत के कृषि क्षेत्र में एआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में, कृषि और प्रौद्योगिकी के संयोजन से काम करते हुए, ‘Digital Agriculture Mission’ के तहत स्किलिंग और क्षमता निर्माण को सहयोग देना हमारी (ANNAM.एआई) प्रमुख प्राथमिकताओं में से एक है. हमारा मानना है कि भारत की उभरती प्रतिभाओं को हमारे किसानों के सामने आने वाली चुनौतियों से जोड़ना महत्वपूर्ण है, ताकि देश में मजबूत और climate-resilient कृषि व्यवस्था का निर्माण किया जा सके. HACK CORE 2026 इस बात का प्रमाण है कि जब अकादमिक जगत, उद्योग और हमारे युवाओं की प्रतिभा एक साथ आती है, तो हम भारत के सतत विकास के लिए प्रभावशाली समाधान तैयार कर सकते हैं.” जैविक समाधानों की प्रभावशीलता फसल, मिट्टी, जलवायु, रोग के दबाव, भौगोलिक स्थिति और मौसम के आधार पर अलग-अलग हो सकती है, जिससे इनके उपयोग और प्रभाव को बढ़ाने के लिए स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप निर्णय लेना महत्वपूर्ण हो जाता है. Syngenta India के Country Head & Managing Director, Eladio Robles ने कहा, “कृषि में इनोवेशन तभी वास्तविक मूल्य पैदा करता है, जब वह खेत के स्तर पर उपयोगी बनता है. अधिक टिकाऊ और लचीली कृषि व्यवस्था को समर्थन देने में जैविक समाधानों की महत्वपूर्ण भूमिका है. कृषि विज्ञान, एआई और फील्ड डेटा को एक साथ लाकर हम इन समाधानों को किसानों के लिए अधिक सटीक, प्रासंगिक और व्यावहारिक बनाने के नए तरीकों का पता लगा सकते हैं.” HACK CORE 2026 चुनौती को तीन प्रमुख ट्रैक्स में विभाजित किया गया था – Risk Intelligence, Biological Product Innovation Engine और Outcome Tracking and Continuous Learning. प्रतिभागियों ने ऐसे समाधानों पर काम किया जो जलवायु, मिट्टी, फसल और रोग-जोखिम से जुड़ी जानकारी को एकीकृत करते हैं; इन जानकारियों को जैविक हस्तक्षेपों से संबंधित सिफारिशों में परिवर्तित करते हैं; और खेतों में प्राप्त परिणामों को ट्रैक करते हैं. Robles ने आगे कहा, “भारत की कृषि विविधता ऐसे समाधानों की मांग करती है जो स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढाल सकें, न कि सभी के लिए एक ही समाधान पर निर्भर रहें. Syngenta की कृषि विशेषज्ञता को एआई और ओपन इनोवेशन के साथ जोड़कर हमारे पास कृषि संबंधी निर्णय लेने की प्रक्रिया को अधिक स्थानीय और संदर्भ-आधारित बनाने का अवसर है – और वास्तविक परिस्थितियों में खेतों से प्राप्त परिणामों के माध्यम से इसे लगातार बेहतर बनाने का भी.” यह सहयोग केवल कृषि समाधान विकसित करने से आगे बढ़कर उनके उपयोग को अधिक स्मार्ट बनाने की दिशा में बदलाव को दर्शाता है. इसमें एआई और खेत-स्तरीय सीख का उपयोग करते हुए यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया गया है कि जैविक समाधानों से जुड़ा इनोवेशन भारत की विविध कृषि प्रणालियों में अधिक प्रासंगिकता और मूल्य प्रदान कर सके.
एआई की शक्ति का उपयोग कर युवा भारतीय इनोवेटर्स ने HACK CORE 2026 में कृषि के लिए विकसित किए व्यावहारिक समाधान, टीम SeedCoders ने राष्ट्रीय एआई प्रतियोगिता जीती – एग्रीवेट
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