MSP पर कपास खरीद शुरू, 3 लाख क्विंटल उत्पादन का अनुमान.. किसानों के लिए रजिस्ट्रेशन जरूरी, इस बड़े खुलासे से मचा हड़कंप – एग्रीवेट

Team Agrivate
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एग्रीवेट: कॉटन कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (CCI) ने पंजाब में कपास की न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीद शुरू कर दी है. केंद्रीय एजेंसी ने अर्ध-शुष्क मालवा क्षेत्र के चार जिलों में 13 केंद्रों पर कपास खरीद शुरू की है. इससे क्षेत्र के कपास किसानों को अपनी उपज MSP पर बेचने का विकल्प मिलेगा. मुक्तसर जिले में अधिकतम चार कपास खरीद केंद्र बनाए गए हैं. इसके अलावा बठिंडा, मानसा और फाजिल्का में तीन-तीन केंद्र हैं. इन सभी केंद्रों को 25 कपास जिनिंग फैक्ट्रियों से जोड़ा गया है.

हिन्दुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, CCI ने फाजिल्का के सीतो गुनो में एक अतिरिक्त खरीद केंद्र भी शुरू किया है. वहीं, कम उत्पादन की संभावना को देखते हुए इस साल बठिंडा के मौर और बरनाला के तपा में दो खरीद केंद्र बंद कर दिए गए हैं. पंजाब मंडी बोर्ड के आंकड़ों के मुताबिक, बुधवार तक दक्षिण मालवा के जिलों में 40 हजार क्विंटल से ज्यादा कपास मंडियों  में पहुंच चुकी थी. इसमें से ज्यादातर कपास MSP से कम कीमत पर खरीदी गई. CCI बाजार में तब खरीद शुरू करती है, जब निजी खरीदार MSP से कम भाव पर कपास खरीदते हैं.

अधिकारियों के मुताबिक, पंजाब में इस साल करीब 3.5 लाख क्विंटल कपास उत्पादन का अनुमान है. राज्य में कपास की खेती  का रकबा करीब 80 हजार हेक्टेयर दर्ज किया गया है, जो इस पारंपरिक फसल के लिए अब तक का सबसे कम रकबा है. कपास की आवक धीमी होने के कारण CCI की सरकारी खरीद 5 अक्टूबर से शुरू होने की संभावना जताई गई थी. चालू रबी मार्केटिंग सीजन के लिए केंद्र सरकार ने पंजाब में उगाई जाने वाली मीडियम स्टेपल कपास का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 8,417 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है.

फाजिल्का के मंडी अधिकारी सलोद बिश्नोई ने कहा कि 30 सितंबर तक मंडियों में करीब 28 हजार क्विंटल कपास पहुंच चुकी थी. उन्होंने कहा कि किसानों को फिलहाल 8,000 से 8,400 रुपये प्रति क्विंटल तक भाव मिल रहा है. आने वाले हफ्तों में कपास की आवक बढ़ने पर बेहतर गुणवत्ता वाली फसल भी मंडियों में आने की उम्मीद है. कपास से जुड़े लोगों का कहना है कि CCI की सरकारी खरीद शुरू होने से बाजार में कपास के भाव को स्थिरता मिल सकती है. आने वाले दिनों में कपास की कटाई और आवक बढ़ने की संभावना है.

CCI उन किसानों से कपास खरीदेगी, जिन्होंने ‘कपास किसान’ ऐप पर अपना रजिस्ट्रेशन कराया है. एक अधिकारी के मुताबिक, पिछले खरीफ सीजन में करीब 15 हजार कपास किसानों ने CCI के मोबाइल ऐप पर रजिस्ट्रेशन कराया था. इस साल अब तक 15 से भी कम किसानों ने रजिस्ट्रेशन कराया है. यह ऐप कपास की खरीद प्रक्रिया को पारदर्शी और आसान बनाने के लिए सभी कपास उत्पादक राज्यों में शुरू किया गया था.

अधिकारियों के मुताबिक, ‘कपास किसान’ ऐप के जरिए किसान खुद अपना रजिस्ट्रेशन  कर सकते हैं. इसके अलावा वे कपास बेचने के लिए स्लॉट बुक कर सकते हैं और भुगतान की स्थिति भी ऑनलाइन देख सकते हैं. अधिकारियों का कहना है कि इससे कपास की सरकारी खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी. किसानों को खरीद केंद्रों पर होने वाली प्रक्रिया की जानकारी आसानी से मिल सकेगी और खरीद व भुगतान का काम भी तेज हो सकेगा.

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