सोलर पंप से बदल रही किसानों की तकदीर, अब उगा पा रहे दो फसलें… बिजली खर्च भी घटा – एग्रीवेट

Team Agrivate
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एग्रीवेट: छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सौर ऊर्जा किसानों की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव ला रही है. प्रधानमंत्री कुसुम योजना के तहत खेतों में लगाए गए सोलर पंप किसानों के लिए सिंचाई का साधन बनने के साथ उनकी आमदनी बढ़ाने में भी मददगार साबित हो रहे हैं. पहले पानी की कमी और सिंचाई की सुविधाओं के अभाव में किसान साल में केवल एक फसल ले पाते थे, लेकिन अब सोलर पंप की सुविधा मिलने से कई किसान एक के बजाय दो फसलें ले रहे हैं. वहीं, प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के माध्यम से घरों को भी सौर ऊर्जा से जोड़ने की दिशा में काम किया जा रहा है. इस तरह बीजापुर में खेतों से लेकर घरों तक सौर ऊर्जा आत्मनिर्भरता की नई राह खोल रही है.

छत्तीसगढ़ कृषि विभाग के अनुसार बीजापुर जिले में प्रधानमंत्री कुसुम योजना खेती-किसानी में बदलाव की नई तस्वीर पेश कर रही है. सोलर पंप की मदद से किसानों को सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध हो रहा है, जिससे खेती का दायरा बढ़ाने और अतिरिक्त फसल लेने में मदद मिल रही है. पहले सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिलने के कारण किसान साल में केवल एक फसल पर निर्भर रहते थे. अब सोलर पंप से सिंचाई की सुविधा मिलने के बाद कई किसान दूसरी फसल भी ले पा रहे हैं. इससे कृषि उत्पादन बढ़ाने और किसानों की आमदनी में सुधार की संभावनाएं मजबूत हुई हैं. किसानों का कहना है कि सोलर पंप ने खेती को आसान बनाने के साथ ही उन्हें सालभर कृषि कार्य जारी रखने का भरोसा दिया है. बीजापुर जिले में अब तक 4,272 किसानों को प्रधानमंत्री कुसुम योजना के तहत लाभ मिला है.

खेती के साथ-साथ बीजापुर में घरेलू बिजली की जरूरतों को पूरा करने के लिए भी सौर ऊर्जा को बढ़ावा दिया जा रहा है. प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत घरों की छतों पर रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाने की प्रक्रिया जारी है. योजना के लाभार्थी सोनसाय बांकड़े के अनुसार पहले उनके घरों में हर महीने बिजली का बिल 3,000 से 4,000 रुपये तक आता था. सोलर सिस्टम लगने के बाद अब कुछ महीनों में बिजली बिल घटकर लगभग 500 रुपये तक रह जाता है, जबकि कुछ महीनों में बिल नहीं आता. इससे परिवारों को बिजली खर्च में राहत मिल रही है. बीजापुर जिले में अब तक 72 परिवारों ने प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना का लाभ लिया है. घरेलू स्तर पर सौर ऊर्जा के उपयोग से बिजली खर्च कम करने और परंपरागत बिजली पर निर्भरता घटाने में मदद मिल रही है.

लाभार्थी किसान फूलचंद गांगड़ा (ऊपर) और सोनसाय बांगड़े (नीचे.)

योजना के लाभार्थी फूलचंद गागड़ा ने कहा कि सौर ऊर्जा का उपयोग किसानों और आम परिवारों के लिए आर्थिक राहत का माध्यम बन रहा है. खेतों में सोलर पंप के जरिए सिंचाई की सुविधा मिलने से किसान अतिरिक्त फसल लेने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं, वहीं घरों में रूफटॉप सोलर सिस्टम बिजली खर्च कम करने में मददगार साबित हो रहे हैं. प्रधानमंत्री कुसुम योजना और प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के माध्यम से जिले में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के साथ कृषि और घरेलू जरूरतों को पूरा करने की दिशा में प्रयास किए जा रहे है. सौर ऊर्जा से हो रहा यह बदलाव बीजापुर में किसानों की आय बढ़ाने और परिवारों की आर्थिक बचत की नई उम्मीद बन रहा है.

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