एग्रीवेट: प्रधानमंत्री Kisan Yojana: आंध्र प्रदेश के 7.34 लाख से ज्यादा किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि यानी पीएम किसान की अगली किस्त को लेकर जरूरी खबर है. राज्य में 7,34,215 ऐसे किसान हैं, जो पीएम किसान का लाभ तो ले रहे हैं, लेकिन अभी तक फार्मर रजिस्ट्री में अपना रजिस्ट्रेशन पूरा नहीं करा पाए हैं. केंद्र सरकार की ओर से भविष्य में पीएम किसान की किस्त जारी करने के लिए यूनिक फार्मर आईडी को जरूरी किए जाने का प्रस्ताव है. ऐसे में इन किसानों को जल्द से जल्द फार्मर रजिस्ट्री पूरी कराने की सलाह दी गई है.
आंध्र प्रदेश में कुल 64.71 लाख पीएम-किसान लाभार्थियों का लक्ष्य है. इनमें से 52.07 लाख किसानों का फार्मर रजिस्ट्री में रजिस्ट्रेशन पूरा हो चुका है. यानी करीब 80 फीसदी किसान इस प्रक्रिया में शामिल हो चुके हैं. वहीं, 12.65 लाख से ज्यादा रजिस्ट्रेशन अभी बाकी हैं. इनमें 7,34,215 किसान ऐसे हैं जो अभी सक्रिय पीएम-किसान लाभार्थी हैं, लेकिन फार्मर रजिस्ट्री में दर्ज नहीं हुए हैं.
इसके अलावा 1,08,482 मामले राजस्व विभाग के अलग-अलग लॉगिन पर जांच या प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार कर रहे हैं. कृषि विभाग अब इन लंबित मामलों को जल्द निपटाने पर जोर दे रहा है, ताकि पात्र किसानों को दस्तावेज या सत्यापन की वजह से परेशानी न हो.
फार्मर रजिस्ट्री एक डिजिटल व्यवस्था है, जिसमें किसान की पहचान को उसकी जमीन और खेती से जुड़ी जानकारी के साथ जोड़ा जाता है. इसके बाद किसान को एक यूनिक फार्मर आईडी दी जाती है. केंद्र सरकार के मुताबिक, इस आईडी का इस्तेमाल पीएम किसान के साथ फसल बीमा, एमएसपी पर फसल खरीद, कृषि लोन, खेती के लिए जरूरी सामान और दूसरी सरकारी कृषि योजनाओं का फायदा देने में किया जा सकता है. जुलाई 2026 तक देशभर में 10.18 करोड़ से ज्यादा फार्मर आईडी बनाई जा चुकी थीं.
आंध्र प्रदेश में फार्मर रजिस्ट्री की रफ्तार सभी जिलों में एक जैसी नहीं है. श्रीकाकुलम में सबसे ज्यादा 45,295 किसानों का रजिस्ट्रेशन बाकी है. इसके बाद नेल्लोर में 42,374, अनंतपुर में 39,960, अल्लूरी सीताराम राजू में 38,434 और कडपा में 35,270 रजिस्ट्रेशन लंबित हैं. वहीं, पालनाड़ु में 30,818, अनकापल्ली में 30,809 और श्री सत्य साईं जिले में 30,735 किसानों का रजिस्ट्रेशन बाकी है.
कृषि विभाग ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि गांववार लंबित किसानों की सूची तैयार कर उनसे संपर्क किया जाए और फार्मर रजिस्ट्री पूरी कराने में मदद की जाए. राजस्व अधिकारियों को भी लंबित सत्यापन और अन्य मामलों को जल्द निपटाने को कहा गया है. आंध्र प्रदेश में पीएम-किसान की 23वीं किस्त 20 जून 2026 को जारी हुई थी. अब अगली यानी 24वीं किस्त का इंतजार है. ऐसे में जिन किसानों का फार्मर रजिस्ट्री में रजिस्ट्रेशन बाकी है, उनके लिए समय रहते प्रक्रिया पूरी करना जरूरी बताया जा रहा है.