मुरासु तूफान की चपेट में पपीता, केला और नारियल किसान, तटीय इलाकों में हजारों पेड़ उखड़े—जानें पूरा मामला – एग्रीवेट

Team Agrivate
6 Min Read

एग्रीवेट: गंभीर चक्रवाती तूफान ‘मुरासु’ ने मंगलवार तड़के आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्र में भारी तबाही मचाई जहां हजारों पेड़ उखड़ गए, बिजली के सैकड़ों खंभे और मछुआरों की नौकाएं क्षतिग्रस्त हो गईं. तूफान के चलते किसानों को भारी नुकसान पहुंचा है. केला, नारियल, पपीता, सब्जियों और अन्य बागवानी फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं. इससे पहले अर्नब तूफान से 2 हेक्टेयर में फसलें प्रभावित हो चुकी हैं. अब फिर से चक्रवात से बची फसलें चौपट हो रही हैं. राज्य सरकार ने फसलों के साथ ही अन्य नुकसान के आकलन कराना शुरू किया है. वहीं, गृह मंत्री अमित शाह ने सीएम चंद्रबाबू नायडू से बातकर मदद का भरोसा दिया है.

आंध्र प्रदेश में चक्रवाती तूफान मुरासु के कोथापटनम के पास तट से टकराने के कारण इलाके में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो रही है और कई पेड़ उखड़ गए हैं. तूफान के साथ 100 से 110 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं, जबकि झोंकों की गति 120 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंची. इसका सबसे ज्यादा असर प्रकाशम, बापटला, पलनाडु और गुंटूर जिलों में देखने को मिला. तेज हवाओं और भारी बारिश से हजारों पेड़ उखड़ गए, निचले इलाकों में पानी भर गया और खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचा.

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि मैंने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू से चक्रवात ‘मुरसु’ के असर के बारे में बात की. उन्हें केंद्र की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया है. NDRF और SDRF की टीमें पहले से ही मौके पर मौजूद हैं और प्रभावित लोगों की मदद कर रही हैं। भारत सरकार पूरी दृढ़ता के साथ लोगों के साथ खड़ी है.

मुरासु तूफान के बाद शुरुआती रिपोर्टों में धान समेत खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचने की जानकारी सामने आई है. तेज हवाओं से फसलें गिर गईं और भारी बारिश के कारण खेतों में पानी भर गया. धान के अलाव मक्का, कपास फसल को भी नुकसान पहुंचा है. जबकि, केला, पपीता, नारियल, टमाटर, मिर्च समेत अन्य सब्जी फसलें प्रभावित हुई हैं. बता दें कि इससे पहले चक्रवात अर्नब से 2,24,489 हेक्टेयर में फसलें प्रभावित हुई थीं. इनमें अकेले 2,09,460 हेक्टेयर में धान की फसल शामिल थी. इसके अलावा केला, नारियल, पपीता, सब्जियों और अन्य बागवानी फसलों को भी नुकसान पहुंचा था.

ओडिशा में पिछले सप्ताह अर्नब चक्रवात के कारण हुई भारी बारिश और बाढ़ से फसलों को हुए नुकसान के बाद अब किसान पड़ोसी राज्य आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ रहे ‘मुरासु’ चक्रवात के संभावित खतरे को लेकर चिंतित हैं. अधिकारियों ने बताया कि अर्नब चक्रवात के कारण हुई भारी बारिश से गंजाम, कंधमाल और गजपति जिलों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचा है. सबसे अधिक नुकसान धान की फसल को हुआ है, खासकर गंजाम जिले में.

Share This Article