एग्रीवेट: Women Farmer Kisan Samman Nidhi: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना को लेकर महिला किसानों के बीच अक्सर यह सवाल रहता है कि क्या उन्हें भी इस योजना का लाभ मिल सकता है. दरअसल, पीएम किसान योजना का लाभ केवल पुरुष किसानों तक सीमित नहीं है. पात्रता की शर्तें पूरी करने वाली महिला किसान भी योजना के तहत हर साल 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्राप्त कर सकती हैं. हालांकि, इसके लिए जमीन से लेकर परिवार और आय से जुड़े कुछ जरूरी नियमों का पालन करना होता है.
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक मदद देने के उद्देश्य से चलाई जा रही केंद्र सरकार की प्रमुख योजनाओं में से एक है. इसके तहत पात्र किसान परिवार को सालाना 6,000 रुपये दिए जाते हैं. यह राशि 2,000 रुपये की तीन किस्तों में सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में भेजी जाती है. ऐसे में महिला किसानों के लिए यह जानना जरूरी है कि वे किन परिस्थितियों में इस योजना का लाभ उठा सकती हैं.
पीएम किसान योजना का लाभ लेने के लिए सबसे जरूरी शर्त कृषि योग्य भूमि का किसान के नाम पर होना है. यानी अगर कोई महिला किसान योजना का लाभ लेना चाहती है तो उसके नाम पर कृषि योग्य जमीन का रिकॉर्ड होना जरूरी है. जमीन के दस्तावेजों में महिला का नाम दर्ज होने पर वह पात्रता की अन्य शर्तें पूरी करने पर योजना के लिए आवेदन कर सकती है. वहीं, अगर जमीन केवल परिवार के किसी पुरुष सदस्य के नाम पर दर्ज है और महिला के नाम जमीन नहीं है, तो सिर्फ महिला होने के आधार पर उसे पीएम किसान की किस्त नहीं मिलेगी.
पीएम किसान योजना में एक किसान परिवार की परिभाषा भी महत्वपूर्ण है. नियमों के अनुसार किसान परिवार में पति, पत्नी और नाबालिग बच्चे शामिल होते हैं. ऐसे परिवार में पात्रता पूरी होने पर केवल एक सदस्य को ही योजना का लाभ दिया जाता है. इसका मतलब है कि अगर पति पहले से पीएम किसान योजना के तहत 6,000 रुपये सालाना की सहायता प्राप्त कर रहे हैं, तो पत्नी के नाम अलग से आवेदन करके दूसरी किस्त नहीं ली जा सकती. हालांकि, परिवार की पात्रता और जमीन के रिकॉर्ड के आधार पर लाभार्थी का निर्धारण नियमों के अनुसार किया जाता है.
पीएम किसान योजना में कुछ श्रेणियों को लाभ से बाहर रखा गया है. अगर महिला किसान या उनके पति आयकर का भुगतान करते हैं, तो वे योजना के लिए पात्र नहीं माने जाते. इसलिए आवेदन करने से पहले महिला किसान को अपनी और पति की आयकर स्थिति की जानकारी जरूर जांच लेनी चाहिए. इसके अलावा संवैधानिक पदों पर कार्यरत व्यक्ति और कुछ श्रेणी के सरकारी कर्मचारी भी योजना के दायरे से बाहर हैं. इसी तरह 10,000 रुपये या उससे अधिक मासिक पेंशन पाने वाले पूर्व सरकारी कर्मचारी भी पात्र नहीं होते. इन नियमों के कारण केवल जमीन का मालिक होना ही पीएम किसान योजना का लाभ पाने के लिए पर्याप्त नहीं है.
महिला किसान अगर योजना की पात्रता शर्तें पूरी करती हैं तो उन्हें आवेदन के साथ जरूरी दस्तावेज और सही बैंक विवरण देना होता है. योजना की किस्त प्राप्त करने के लिए ई-केवाईसी पूरी होना भी जरूरी है. इसके साथ आधार और बैंक खाते से जुड़ी जानकारी सही होना तथा जमीन का रिकॉर्ड अपडेट होना महत्वपूर्ण है. इसलिए महिला किसान आवेदन करने से पहले यह जरूर जांच लें कि जमीन उनके नाम पर दर्ज है, परिवार का कोई दूसरा सदस्य पहले से योजना का लाभ नहीं ले रहा है और वे किसी अपात्र श्रेणी में शामिल नहीं हैं. सभी शर्तें पूरी होने पर महिला किसान भी पीएम किसान सम्मान निधि की 6,000 रुपये सालाना सहायता का लाभ उठा सकती हैं.